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Muft Shayari

What comes free rarely stays valued.

Muft shayari turns a simple word into a sharp observation — that whatever comes free, whether love, trust, or a heart handed over too easily, rarely gets valued the way it should. Read more sharp lines in ADA Shayari.

मुफ़्त की कोई चीज बाजार में नहीं मिलती,
किसान के मरने की सुर्खियां अखबार में नहीं मिलती।

Muft kee koee cheej baajaar mein nahin milatee,
Kisaan ke marane kee surkhiyaan akhabaar mein nahin milatee.

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सोचते हैं जान अपनी उसे मुफ्त ही दे दें,
इतने मासूम खरीदार से क्या लेना देना।

Sochate hain jaan apanee use mupht hee de den,
Itane maasoom khareedaar se kya lena dena.

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दिल लेके मुफ्त कहते हैं, कुछ काम का नहीं
उल्टी शिकायतें हुईं, अहसान तो गया

Dil leke mupht kahate hain, kuchh kaam ka nahin
Ultee shikaayaten hueen, ahasaan to gaya

Daagh Dehlvi

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धोखे की ख़ासियत यही है जनाब,
ये यक़ीन के साथ मुफ़्त मिलता है

Dhokhe kee khaasiyat yahee hai janaab,
Ye yaqeen ke saath muft milata hai

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2 Line Shayari

मिले जो मुफ्त में उस चीज की कीमत नहीं होती...
हुई है कद्र हर इक साँस की जब वक़्त आया है...!!

Mile jo mupht mein us cheej kee keemat nahin hotee...
Huee hai kadr har ik saans kee jab vaqt aaya hai...!!

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वही तनहाई सी छाने लगी है, फिर तेरी याद सताने लगी है
तू भी तन्हा है, मैं भी तन्हा हूँ, ज़िंदगी मुफ्त में जाने लगी है

Vahee tanahaee see chhaane lagee hai, phir teree yaad sataane lagee hai
Too bhee tanha hai, main bhee tanha hoon, zindagee mupht mein jaane lagee hai

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मैं क्या जानूँ दर्द की कीमत ?
मेरे अपने मुझे मुफ्त में देते हैं !

Main kya jaanoon dard kee keemat ?
Mere apane mujhe mupht mein dete hain !

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दुश्मनी हो जाती है मुफ्त में सैंकड़ों से...
इंसान का बेहतरीन होना ही गुनाह है...!!

Dushmanee ho jaatee hai mupht mein sainkadon se...
Insaan ka behatareen hona hee gunaah hai...!!

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खंजर वाले तो......मुफ्त मे बदनाम होते हैं..!
ये हसीनों का शहर है, अदाओं से कत्लेआम होते है..!!

Khanjar vaale to......mupht me badanaam hote hain..!
Ye haseenon ka shahar hai, adaon se katleaam hote hai..!!

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ADA Shayari

किफायती दाम पर मिला था इश्क..
मुफ्त में खो दिया दुनिया के डर से..!!

Kiphaayatee daam par mila tha ishk..
Mupht mein kho diya duniya ke dar se..!!

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कीमत चुकानी पड़ती है हर रोज यहाँ यारो

कीमत चुकानी पड़ती है हर रोज यहाँ यारो,
रिस्तो के बाजार में कुछ भी मुफ्त नहीं मिलता !!

Keemat chukaanee padatee hai har roj yahaan yaaro,
Risto ke baajaar mein kuchh bhee mupht nahin milata !!

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Frequently Asked Questions

मुफ़्त शायरी में मुख्य रूप से क्या भाव व्यक्त किया गया है?
यह टॉपिक "मुफ़्त" शब्द के दो एकदम अलग रंग दिखाता है — एक सामाजिक सच्चाई का, जहाँ कीमती चीज़ें मुफ़्त नहीं मिलतीं, और दूसरा प्रेम का, जहाँ दिल-जान बिना किसी शर्त के मुफ़्त लुटा दी जाती है। इस भाव की गहराई समझने के लिए Keemat टॉपिक की शायरी भी साथ में पढ़ी जा सकती है।
"मुफ़्त की कोई चीज बाजार में नहीं मिलती" पंक्ति का क्या मतलब है?
यह एक तीखी सामाजिक टिप्पणी है — "मुफ़्त की कोई चीज बाजार में नहीं मिलती, किसान के मरने की सुर्खियां अखबार में नहीं मिलती।" यानी हर चीज़ की कोई-न-कोई कीमत चुकानी पड़ती है, और यहाँ तक कि किसी की मौत की खबर भी अखबार में जगह पाने के लिए "काफी बड़ी" होनी चाहिए। यह पंक्ति समाज की असंवेदनशीलता पर सवाल उठाती है। इससे जुड़ी और शायरी Bazar टॉपिक पर मिल सकती है।
"जान अपनी उसे मुफ्त ही दे दें" पंक्ति में प्यार को कैसे दिखाया गया है?
यह पंक्ति निस्वार्थ प्रेम की गहराई दिखाती है — "सोचते हैं जान अपनी उसे मुफ्त ही दे दें, इतने मासूम खरीदार से क्या लेना देना।" यानी प्रेमी अपने प्रिय को इतना मासूम मानता है कि उसके लिए अपनी जान तक बिना किसी बदले की उम्मीद के देने को तैयार है। यह भाव Jaan टॉपिक की शायरी से भी जुड़ता है।
"मुफ़्त" शब्द को धोखे से क्यों जोड़ा गया है?
एक पंक्ति में धोखे की फितरत को मुफ़्त से जोड़ा गया है — "धोखे की ख़ासियत यही है जनाब, ये यक़ीन के साथ मुफ़्त मिलता है।" यहाँ व्यंग्य है कि जब कोई किसी पर आँख मूंदकर भरोसा करता है, तो धोखा भी उसी भरोसे के साथ "मुफ़्त" में मिल जाता है — बिना मांगे, बिना चाहे।
क्या मुफ़्त शायरी में दिल टूटने का दर्द भी दिखता है?
हाँ, एक पंक्ति में यह कड़वाहट साफ झलकती है — "दिल लेके मुफ्त कहते हैं, कुछ काम का नहीं, उल्टी शिकायतें हुईं, अहसान तो गया।" यानी दिल मुफ़्त में लेकर भी उसकी कद्र न करना और उल्टा शिकायत करना — यह भावनात्मक अन्याय की मार्मिक अभिव्यक्ति है। ऐसी ही हिंदी भावनाओं से भरी शायरी के लिए Hindi टॉपिक भी देखा जा सकता है।

One verse turns serious, pointing out that a farmer's death barely makes the news the way a free item would. For more, see Bazar Shayari or Hindi Shayari.