Logo - Feel The Words

Theek Shayari

Kabhi 'main theek hoon' sabse bada jhooth ban jata hai.

Theek shayari un lines ki baat karti hai jo 'main theek hoon' kehkar apna asli dard chhupa lete hain, kabhi mazakiya andaz mein, kabhi gehri khamoshi mein. Isi feel ke aur sher Apne shayari mein milenge.

Theek Shayari - Main Theek Hoon Wale Sher

बहुते परेशान बानी तहार नोकरी से ऐ ज़िनगी !
ठीक त ईहे होई कि तू हमारो हिसाब क द !!

Bahute pareshaan baanee tahaar nokaree se ai zinagee !
Theek ta eehe hoee ki too hamaaro hisaab ka da !!

Read more...

अब ये भी नहीं ठीक कि हर दर्द मिटा दें
कुछ दर्द कलेजे से लगाने के लिए हैं !!

Abb ye bhi nahin thik ki har dard mita dein
Kuchh dard kaleze se lagaane ke liye hain

Jaan Nisar Akhtar

Read more...

मशहूर होने का शौक किसे है साहब

मशहूर होने का शौक किसे है साहब,
हमे तो हमारे अपने ही ठीक से पहचान ले तो भी बहुत हैं।

Mashahoor hone ka shauk kise hai saahab,
Hame to hamaare apane hee theek se pahachaan le to bhee bahut hain.

Read more...

दीये से दीये तलक तो ठीक था...
पर ये क्या आदमी आदमी से जल गए...!!

Deeye se deeye talak to theek tha...
Par ye kya aadamee aadamee se jal gae...!!

Read more...

2 Line Shayari

चलो आज फिर से दिखावा करते हैं...
तुम पुछो ... कैसे हो ? मै कहूँ ....बस ठीक

Chalo aaj phir se dikhaava karate hain...
Tum puchho ... kaise ho ? mai kahoon ....bas theek

Read more...

मैं ठीक हुँ कहकर जो नज़रें चुराते हैं...!!!
यकीनन वो हमसे अपना दर्द छिपाते है...!!!

Main theek hun kahakar jo nazaren churaate hain...!!!
Yakeenan vo hamase apana dard chhipaate hai...!!!

Read more...

वो जो कपडे बदलने का शौक रखते थे
आखिरी वक्त न कह पाये कफ़न ठीक नही.....

Vo jo kapade badalane ka shauk rakhate the
Aakhiree vakt na kah paaye kafan theek nahee.....

Read more...

Frequently Asked Questions

नौकरी से परेशान ज़िंदगी को हिसाब चुकता करने को कहने वाली भोजपुरी शायरी कौन सी है?
"बहुते परेशान बानी तहार नोकरी से ऐ ज़िनगी ! ठीक त ईहे होई कि तू हमारो हिसाब क द !!" — यह भोजपुरी शायरी नौकरी से परेशान ज़िंदगी से कहती है कि अब ठीक तभी होगा जब हमारा हिसाब चुकता कर दिया जाए।
हर दर्द मिटाना ठीक नहीं और कुछ दर्द कलेजे से लगाने के लिए होने की बात कहने वाली शायरी कौन सी है?
"अब ये भी नहीं ठीक कि हर दर्द मिटा दें कुछ दर्द कलेजे से लगाने के लिए हैं !!" — यह शायरी कहती है कि हर दर्द मिटा देना ठीक नहीं है, कुछ दर्द तो कलेजे से लगाकर रखने के लिए ही होते हैं।
मशहूर होने का शौक न होकर अपनों के ही ठीक से पहचान लेने को काफी बताने वाली शायरी कौन सी है?
"मशहूर होने का शौक किसे है साहब, हमे तो हमारे अपने ही ठीक से पहचान ले तो भी बहुत हैं।" — यह शायरी कहती है कि मशहूर होने का शौक किसी को नहीं, बस अपने लोग ही ठीक से पहचान लें तो वही बहुत है।
दीये से दीया जलने तक तो ठीक था, पर आदमी-आदमी से जल जाने पर तंज कसने वाली शायरी कौन सी है?
"दीये से दीये तलक तो ठीक था... पर ये क्या आदमी आदमी से जल गए...!!" — यह शायरी दीये से दीया जलने की तुलना में इंसानों के आपस में जलने (ईर्ष्या करने) पर तंज कसती है।
ठीक से जुड़ी और शायरी कहाँ पढ़ें?
आप Funny, Apne और Haar शायरी पढ़ सकते हैं।

Kuch sher yahan dosti aur pehchan ki baat karte hain, jabki kuch halke-fulke Funny andaz mein bhi likhe gaye hain. Aur padhein 2 Line shayari.