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Lassi Shayari

Chai nahi, lassi ki thandak mein basi hai yeh mohabbat.

Lassi shayari mein chai ki chuskiyon se alag, lassi ki thandi ghoont mein zindagi jeene ka andaaz milta hai. Isi mazedaar tulna mein Chai shayari bhi padhein.

जब लेते हैं वो चाय की चुस्कियाँ
हम लस्सी की घूँट पिया करते हैं।
लोग तो सिर्फ एक ज़िन्दगी जी रहें हैं
हम तो हर पल में जिंदगी जी लिया करते हैं।

Jab lete hain wo ki kee chuskiyaan
Ham lassi ki ghoont piya karate hain.
Log to sirph ek zindagee jee rahen hain
Ham to har pal mein jindagee jee liya karate hain.

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कसम से जब-जब तुम सज धज के सामने आती हो,
मई की जलती गर्मी में भी लस्सी सी ठंडक दे जाती हो !!

Kasam se jab-jab tum saj dhaj ke saamane aatee ho,
May kee jalatee garmee mein bhee lassee see thandak de jaatee ho !!

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हाथ मै मिट्टी की कुल्हड़
होंटों पर मथुरा की लस्सी
और पैर वृृँदावन की गँलियो मे
तो क्या कहना

Haath mai mittee kee kulhad
Honton par mathura kee lassee
Aur pair vrrndaavan kee ganliyo me
To kya kahana

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Frequently Asked Questions

लस्सी शायरी में चाय से तुलना करके क्या कहा गया है?
"जब लेते हैं वो चाय की चुस्कियाँ हम लस्सी की घूँट पिया करते हैं, लोग तो सिर्फ एक ज़िन्दगी जी रहें हैं हम तो हर पल में जिंदगी जी लिया करते हैं" पंक्ति में लस्सी पीने के अंदाज को हर पल पूरी तरह जीने की सोच से जोड़ा गया है। चाय पर लिखी इसी तरह की मजेदार चाय शायरी भी इस मूड से मेल खाती है।
मई की गर्मी में लस्सी की ठंडक को लेकर कसम वाली शायरी क्या है?
"कसम से जब-जब तुम सज धज के सामने आती हो, मई की जलती गर्मी में भी लस्सी सी ठंडक दे जाती हो" पंक्ति में महबूब की खूबसूरती को गर्मी में लस्सी जैसी ठंडक का अहसास बताया गया है। ऐसी कसम खाकर कही गई बातें कसम शायरी में भी मिलती हैं।
मथुरा-वृंदावन और लस्सी को जोड़कर कौन सी शायरी लिखी गई है?
"हाथ मै मिट्टी की कुल्हड़, होंटों पर मथुरा की लस्सी, और पैर वृृँदावन की गँलियो मे, तो क्या कहना" पंक्ति में मथुरा-वृंदावन की गलियों में कुल्हड़ वाली लस्सी पीने के मजे को बड़े ही अपनेपन से बयां किया गया है। हाथ में कुल्हड़ थामे इस पल से जुड़ी हाथ शायरी भी इसी भाव को आगे बढ़ाती है।
lassi par shayari में गर्मी के मौसम का जिक्र क्यों आता है?
lassi par shayari ज्यादातर गर्मी के मौसम से जुड़ी होती है क्योंकि लस्सी को ठंडक और सुकून का सबसे देसी जरिया माना जाता है, जैसे जलती गर्मी में भी ठंडक देने वाली पंक्ति में झलकता है। जलती गर्मी जैसे मौसम पर लिखी जलती शायरी भी इस भाव के करीब है।
lassi quotes in hindi में सबसे ज्यादा किस अंदाज को दिखाया जाता है?
lassi quotes in hindi में देसी अपनापन, हर पल को जीने का मजा और गर्मी में मिलने वाली ठंडक का अंदाज सबसे ज्यादा दिखाया जाता है। ऐसी छोटी-सी बात कहने वाली 2 लाइन शायरी और साथ के एहसास के लिए हम शायरी भी पढ़ी जा सकती है।

Ek sher yahan mai ki garmi mein bhi lassi jaisi thandak dene wale mehboob ka zikr karta hai, Mathura ki galiyon ki khushbu ke saath. Aage Haath aur 2 Line shayari bhi padhein.