तन्हाई की चादर औढकर रातों को नींद नहीं आती हमें
Popular Shayari Topics for You.
तन्हाई की चादर औढकर रातों को नींद नहीं आती हमें..
साहब.. गुज़र जाती है हर रात किसीकी बातों को याद करते करते।
feelthewords.com
तन्हाई की चादर औढकर रातों को नींद नहीं आती हमें..
साहब.. गुज़र जाती है हर रात किसीकी बातों को याद करते करते।
Tanhaee kee chaadar audhakar raaton ko neend nahin aatee hamen..
Saahab.. guzar jaatee hai har raat kiseekee baaton ko yaad karate karate.
Today's Shayari
ग़ैरों से कहा तुम ने ग़ैरों से सुना तुम ने
कुछ हम से कहा होता कुछ हम से सुना होता
Today's Joke
रमन (चमन से)- तुम्हें पता है, एक दिन रावण डिस्को गया था, तो वहां क्या हुआ?
चमन- अरे… अरे, क्या...
Today's Status
I don’t care whether my morning coffee is a cappuccino, latte, or a mocha. My favorite coffee is the one...
Status Of The DayToday's Prayer
God will make a path for you where there is no way, He will be your guide to make your...
Prayer Of The Day