जख्म गरीब का कभी सूख नहीं पाया
Popular Shayari Topics for You.
जख्म गरीब का कभी सूख नहीं पाया,
शहजादी की खरोंच पे तमाम हकीम आ गये।
feelthewords.com
जख्म गरीब का कभी सूख नहीं पाया,
शहजादी की खरोंच पे तमाम हकीम आ गये।
Jakhm gareeb ka kabhee sookh nahin paaya,
Shahajaadee kee kharonch pe tamaam hakeem aa gaye.
Today's Shayari
इल्ज़ाम तो हर हाल में काँटों पे ही लगेगा,
ये सोचकर अक्सर फूल भी चुपचाप ज़ख्म दे जातें हैं !
Today's Joke
दामाद ससुर सेः पापाजी आपकी लाडली ने नाक में दम कर रखा है..!
ससुरः बेटा मेरे बारे में सोचो.. मेरे...
Today's Status
Life is like a book. Each day like a new page. So let the first words you write be Good...
Status Of The DayToday's Prayer
My prayer for you this morning is for Jesus to take the wheel in all your situations. Have a fruitful...
Prayer Of The Day