चढ़ाओ माँ पर चुनरी पर रहे ध्यान इतना
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चढ़ाओ माँ पर चुनरी पर रहे ध्यान इतना,
बिन कपड़ो के कहीं कोई अबला तिरस्कृत ना होने पाए
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चढ़ाओ माँ पर चुनरी पर रहे ध्यान इतना,
बिन कपड़ो के कहीं कोई अबला तिरस्कृत ना होने पाए
Chadhao maan par chunaree par rahe dhyaan itana,
Bin kapado ke kaheen koee abala tiraskrt na hone pae
