दिल अमीर था मगर मुकद्दर गरीब था
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दिल अमीर था मगर मुकद्दर गरीब था,
मिलकर बिछड़ना तो हमारा नसीब था,
हम चाह कर भी कुछ कर न सके,
घर जलता रहा और समंदर करीब था।
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दिल अमीर था मगर मुकद्दर गरीब था,
मिलकर बिछड़ना तो हमारा नसीब था,
हम चाह कर भी कुछ कर न सके,
घर जलता रहा और समंदर करीब था।
Dil Ameer Tha Magar Muqadar Gareeb Tha,
Mil Kar Bichhadna Toh Humara Naseeb Tha,
Hum Chaah Kar Bhi Kuchh Kar Na Sake,
Ghar Jalta Raha Aur Samundar Qareeb Tha.
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