Logo - Feel The Words

Aaftaab Shayari

Chirag ki zaroorat thi, hum aaftab lekar aa gaye.

Aaftaab shayari mein zameen ke har zarre ko aaftab kar dene wala pyara valentine jazba hai. Isi jazbe mein Aap shayari bhi padhein.

Aaftaab Shayari - Roshni Aur Himmat Ke Sher

ज़मीन के हर ज़र्रे को आफताब कर देंगे, गुलशन के हर फूल को गुलाब कर देंगे, एक पल भी ना रह सकोगे हमारे बिन, आपकी सब आदत हम इतनी ख़राब कर देंगे But plz be my valentine..

Zameen ke har zarre ko aaphataab kar denge, gulashan ke har phool ko gulaab kar denge, ek pal bhee na rah sakoge hamaare bin, aapakee sab aadat ham itanee kharaab kar denge but plz bai my valaintinai..

Read more...

जहाँ चिराग की जरूरत हुई वहाँ मैं आफताब लेकर आयी हूँ
कुछ बारिशें वक्त पर न हो सकीं तो अब सैलाब लेकर आयी हूँ

Jahaan chiraag kee jaroorat huee vahaan main aaphataab lekar aayee hoon
Kuchh baarishen vakt par na ho sakeen to ab sailaab lekar aayee hoon

Read more...

Frequently Asked Questions

आफताब बनकर हर ज़र्रे को चमकाने वाली शायरी में क्या वादा किया गया है?
एक रोमांटिक शायरी में कहा गया है, "ज़मीन के हर ज़र्रे को आफताब कर देंगे, गुलशन के हर फूल को गुलाब कर देंगे, एक पल भी ना रह सकोगे हमारे बिन, आपकी सब आदत हम इतनी ख़राब कर देंगे।" यहाँ आफताब यानी सूरज की चमक से हर ज़र्रे को रोशन करने का वादा प्रिय के प्रति गहरे प्रेम और चाहत को दिखाता है। ऐसी शायरी अक्सर Gulaab जैसे भावों के साथ जुड़ी मिलती है।
चिराग की जगह आफताब लेकर आने वाली शायरी का क्या मतलब है?
शायरी कहती है, "जहाँ चिराग की जरूरत हुई वहाँ मैं आफताब लेकर आयी हूँ, कुछ बारिशें वक्त पर न हो सकीं तो अब सैलाब लेकर आयी हूँ।" यह एक मज़बूत, आत्मविश्वास से भरी नारी-भाव की शायरी है - जहाँ छोटी सी रोशनी की उम्मीद थी, वहाँ पूरा सूरज लेकर आने की बात है, यानी ज़रूरत से कहीं ज़्यादा देने का जज़्बा। इसी रोशनी के भाव से जुड़ी Chiraag शायरी भी देखी जा सकती है।
आफताब शायरी में इतनी तीव्र भावनाएं क्यों दिखती हैं?
दोनों सैंपल शायरियों में आफताब यानी सूरज को एक बड़े, तीव्र प्रभाव के प्रतीक के तौर पर इस्तेमाल किया गया है - चाहे प्रिय की हर आदत को अपनी चाहत से बदल देने की बात हो या चिराग की छोटी ज़रूरत की जगह पूरा सूरज ले आने की। यह दिखाता है कि इस विषय की शायरी में भावनाओं की तीव्रता और गहराई को बड़े प्राकृतिक बिम्बों से जोड़ा जाता है, जो Aap जैसे आत्मीय संबोधन वाले भावों में भी नज़र आती है।

Ek sher yahan jahan sirf chirag ki zaroorat thi wahan aaftab aur sailaab lekar aane wali himmat bhari aurat ka andaaz bayan karta hai. Aage Aadat aur Aafat shayari bhi padhein.